मुंबई में ऑटो और टैक्सी ड्राइवर RTO की सड़क किनारे होने वाली परीक्षाओं के विरोध में हड़ताल पर हैं। ड्राइवरों का आरोप है कि टेस्ट में पूछे जा रहे मराठी के सवाल उनके प्रशिक्षण सिलेबस से बाहर हैं। कई ड्राइवरों को भाषा पाठ्यक्रम पूरा करने के बावजूद नोटिस मिले हैं। ड्राइवर यूनियनों ने परीक्षा प्रक्रिया को लेकर आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि मूल्यांकन का तरीका निष्पक्ष और पारदर्शी होना चाहिए। यूनियनों के अनुसार करीब चार लाख ड्राइवरों का प्रतिनिधित्व करने वाले संगठन इस मुद्दे पर आवाज उठा रहे हैं। संगठनों ने परीक्षण की अवधि बढ़ाने की मांग की है। वे ड्राइवरों को तैयारी के लिए पर्याप्त समय देने की भी मांग कर रहे हैं। ड्राइवरों का कहना है कि मौजूदा टेस्ट व्यवस्था से कई लोगों की आजीविका प्रभावित हो सकती है। हड़ताल के कारण मुंबई के कई उपनगरों में परिवहन सेवाएं प्रभावित हुई हैं। यात्रियों को ऑटो और टैक्सी की उपलब्धता में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। यूनियनों ने RTO से परीक्षा प्रक्रिया की समीक्षा करने की अपील की है। विवाद का मुख्य मुद्दा मराठी भाषा के सवालों की प्रासंगिकता और मूल्यांकन का तरीका है। ड्राइवर संगठन मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रखने के संकेत दे रहे हैं। Source: Source Post navigation परंदूर एयरपोर्ट परियोजना रद्द, अब आगे क्या? अधिग्रहित जमीन, चेन्नई एयरपोर्ट विस्तार और नए स्थल की तलाश पर नजर अचानकमार टाइगर रिजर्व में बाघिन का हमला, 25 वर्षीय युवक की मौत; शावकों के चलते आक्रामक थी बाघिन