नई दिल्ली – केंद्र सरकार द्वारा आयोजित ब्रिक्स शिखर सम्मेलन‑2026 का कृषि कार्यसमूह इस वर्ष का मुख्य कार्यक्रम बना। इंदौर में आयोजित इस मंच पर 21 ब्रिक्स देशों के कृषि मंत्री, नीति विशेषज्ञ और वरिष्ठ अधिकारी भाग लेंगे। तीन‑दिन की बैठक में सतत कृषि, जलवायु‑सहनशील खेती, नई तकनीकें और बाजार पहुंच को बढ़ावा देने के विशेष बिंदु पर चर्चा होगी। भारत, जो इस समूह का अध्यक्ष देश है, ने सहयोग को सुदृढ़ करने के लिए बहु‑पक्षीय पहलें सुझाई हैं, जैसे संयुक्त शोध, वैकल्पिक फसल बीजों का आदान‑प्रदान और डिजिटल कृषि मंच की स्थापना। इस अवसर पर भारत और अन्य ब्रिक्स देशों के बीच कृषि निर्यात‑आयात वॉल्यूम बढ़ाने के नए समझौतों पर भी हस्ताक्षर होने की उम्मीद है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस मंच से विकासशील देशों की खाद्य सुरक्षा और ग्रामीण विकास में नई दिशा मिलेगी। Post navigation ईरान का नया शांति प्रस्ताव, यूएस का जवाब: ट्रम्प ने जताया संदेह अंकिता भंडारी केस की रेत में आग, जंतर-मंतर में पुख्ता जुलूस – सरकार पर कार्रवाई न करने का आरोप