भोपाल के शब्बीर अहमद की रिपोर्ट के अनुसार, मध्य प्रदेश के कटनी रेलवे स्टेशन पर एक चौंका देने वाली गिरफ़्तारी हुई। 12 दिनों पहले एक ट्रेन से 167 मुस्लिम बच्चे, जो अपने गाँवों की पढ़ाई के लिए यात्रा कर रहे थे, ग़ैरहाजिरी में उतरवाए गए। इसके बाद स्थानीय मीडिया और सामाजिक संगठनों ने इस घटना को उजागर किया। विधायक अरिफ मसूद ने इस विवाद पर गंभीर आवाज़ उठाते हुए कहा, “12 दिन बीत गए हैं और अभी तक कोई बच्चा अपने घर नहीं पहुँचा। यह नाज़ुक समय में बच्चों की सुरक्षा के प्रति लापरवाह रवैया है।” उन्होंने रेल विभाग और पुलिस को तेज़ कार्रवाई का आदेश दिया और सभी ज़मानत पर बंधे बच्चों को जल्द से जल्द उनके परिवारों तक पहुँचाने का इरादा जाहिर किया। इस दौरान, कई पैरेंट्स और सामाजिक कार्यकर्ता भी न्याय के लिए आवाज़ उठा रहे हैं, मांग कर रहे हैं कि इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए कड़े नियम बनें और आरोपी अधिकारियों को कड़ी सजा मिले। Post navigation बगावत के बाद प्रीतम लोधी का तिरस्कार: मुख्यमंत्री और खंडेलवाल से मांगी माफी, कहा- ‘अधिकारियों के बिना सरकार अधूरी’ कार्टेल पर सिर तोड़ने की रणनीति? मेक्सिको ने ‘किंगपिन रणनीति’ अपनाई, पर कीमत भी