कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी (केयू) के गैर शिक्षक कर्मचारी संघ (कुंटिया) कार्यालय में अध्यक्ष की कुर्सी पर बैठने को लेकर दो गुटों में हिंसक विवाद हो गया। विवाद के दौरान वर्तमान महिला प्रधान ने पूर्व प्रधान नीलकंठ शर्मा को हाथ, गर्दन और शर्ट से पकड़कर जबरन कुर्सी से नीचे खींच लिया। एक मिनट से भी अधिक समय तक चली इस हाई-वोल्टेज खींचतान के बीच पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस दोनों गुटों के प्रधानों और उनके समर्थकों को हिरासत में लेकर केयूके थाने ले गई, जहां दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर हाथापाई का आरोप लगाया है। घटना की शुरुआत तब हुई जब पूर्व प्रधान नीलकंठ शर्मा अपने समर्थकों के साथ कार्यालय पहुंचे और खुद को सर्वसम्मति से निर्वाचित बताकर अध्यक्ष की कुर्सी पर बैठ गए। उनके समर्थकों ने बकायदा लड्डू खिलाकर उनका स्वागत किया, क्योंकि उनका दावा था कि पिछले महीने सर्व कर्मचारी संघ के बैनर तले उन्हें निर्विरोध अध्यक्ष चुना गया था। इसी बीच चुनाव के जरिए चुनी गईं महिला प्रधान रजवंत कौर भी दफ्तर पहुंच गईं और उन्होंने नीलकंठ शर्मा को कुर्सी से हटने को कहा, जिससे विवाद बढ़ गया। रजवंत कौर का गुट खुद को आधिकारिक रूप से निर्वाचित बता रहा है, जबकि नीलकंठ गुट सर्वसम्मति से चुने जाने का दावा कर रहा है। केयूके थाना प्रभारी (SHO) सुरेंद्र कुमार ने बताया कि दोनों पक्षों की ओर से लिखित शिकायतें प्राप्त हुई हैं। पुलिस ने फिलहाल दोनों गुटों को शांत करा दिया है और मामले की गहन जांच की जा रही है। कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी परिसर में हुई इस घटना के बाद से गैर-शिक्षण कर्मचारियों के बीच तनाव का माहौल बना हुआ है। Source: Source Post navigation नवीन जिंदल फाउंडेशन की पहल, 40 से अधिक युवाओं को ओमान में नौकरी और 250 को मिला रोजगार छत्तीसगढ़ के सरकारी कॉलेजों में शुरू होगा बीएड पाठ्यक्रम, दुर्ग संभाग से होगी नई व्यवस्था की शुरुआत