सुप्रीम कोर्ट ने मणिपुर हिंसा से जुड़े मामलों की सुनवाई के लिए विशेष अदालतें गठित करने का प्रस्ताव रखा है। अदालत ने मामलों की जांच में तेजी लाने के लिए CBI और SIT को निर्देश दिए हैं। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि लंबित जांच को जल्द पूरा करना आवश्यक है। हिंसा से जुड़े मामलों में प्रभावी कार्रवाई और त्वरित न्याय सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया है। अदालत ने जांच एजेंसियों को समयबद्ध तरीके से काम करने का निर्देश दिया है। मणिपुर में हुई हिंसा के मामलों की गंभीरता को देखते हुए यह कदम उठाया गया है। विशेष अदालतों के गठन से मामलों की सुनवाई प्रक्रिया को गति मिलने की उम्मीद है। सुप्रीम कोर्ट ने पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए निष्पक्ष जांच पर भी जोर दिया। CBI और SIT को जांच की प्रगति में तेजी लाने के लिए आवश्यक कदम उठाने को कहा गया है। इस पहल का उद्देश्य हिंसा प्रभावित लोगों को जल्द न्याय उपलब्ध कराना है। Source: Source Post navigation तलाक के लिए पत्नी ने मांगे 2 करोड़, हाईकोर्ट ने इसे पति के प्रति मानसिक क्रूरता माना सुप्रीम कोर्ट की सख्ती, बिना अनुमति कोर्ट सुनवाई के वीडियो क्लिप पोस्ट और रीपोस्ट करने पर रोक