महाराष्ट्र के हालिया एमएलसी चुनावों में स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में भाजपा का प्रभाव घटता दिखा है। सात स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में अब पार्टी के पास सिर्फ एक एमएलसी बचा है। एनसीपी और कांग्रेस ने पुणे और नागपुर जैसे प्रमुख क्षेत्रों में जीत हासिल कर बढ़त बनाई है। ऐतिहासिक रूप से ये निर्वाचन क्षेत्र भाजपा के नेतृत्व और मतदाता आधार का गढ़ माने जाते थे। यह बदलाव शहरी महाराष्ट्र के राजनीतिक परिदृश्य में अहम बदलाव का संकेत देता है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह नतीजे आगामी चुनावों के लिए अहम हैं। भाजपा ने नतीजों पर मंथन शुरू कर दिया है। कांग्रेस और एनसीपी ने जीत का श्रेय कार्यकर्ताओं और जनता को दिया है। मामले में आगे की राजनीतिक हलचल जारी है। Source: Source Post navigation रोहतक में कैबिनेट मंत्री बोले- कांग्रेस संवैधानिक संस्थाओं को बदनाम कर रही, विपक्ष के झूठ का होगा पर्दाफाश बिलासपुर में आज भाजपा की ‘लोकतंत्र बचाओ’ पदयात्रा: गांधी चौक से नेहरू चौक तक रैली, 10 हजार से अधिक भीड़ जुटाने का दावा; केंद्रीय मंत्री भी शामिल होंगे