भारतीय मूल की रितु नारायण ने छात्र परिवहन की समस्याओं को दूर करने के लिए Zum की स्थापना की। कंपनी का उद्देश्य बच्चों के स्कूल आने-जाने के अनुभव को बेहतर बनाना है। Zum स्कूल बस सेवाओं में तकनीक का इस्तेमाल करती है। कंपनी ने अभिभावकों के सामने आने वाली परिवहन संबंधी चुनौतियों को हल करने पर ध्यान केंद्रित किया है। Zum अब एक यूनिकॉर्न कंपनी बन चुकी है। इसकी वैल्यूएशन 1.7 अरब डॉलर से अधिक हो गई है। कंपनी अमेरिकी छात्रों के लिए स्कूल परिवहन व्यवस्था को नए तरीके से विकसित कर रही है। Zum ने अपने कारोबार का विस्तार ऊर्जा क्षेत्र में भी शुरू किया है। कंपनी इलेक्ट्रिक बसों को परिवहन व्यवस्था में शामिल करने की दिशा में काम कर रही है। इलेक्ट्रिक बसों के इस्तेमाल से स्कूल परिवहन को अधिक आधुनिक और टिकाऊ बनाने का प्रयास है। रितु नारायण की पहल तकनीक और परिवहन को एक साथ जोड़ने पर आधारित है। Zum का मॉडल अमेरिका में छात्रों के स्कूल आने-जाने के तरीके को बदल रहा है। Source: Source Post navigation Samsung ने Galaxy Z Fold8 सीरीज के लिए ‘Galaxy Forever’ लॉन्च किया, EMI और 55% तक बायबैक भारत की सेमीकंडक्टर कहानी में नया चरण, 2026 के अंत तक 5-6 परियोजनाएं उत्पादन में आने की उम्मीद