संभल में 2024 में हुई हिंसा की जांच कर रहे तीन सदस्यीय पैनल ने अपनी रिपोर्ट पेश की है। रिपोर्ट में दावा किया गया है कि शाही जामा मस्जिद के पास हुई हिंसा पूर्व नियोजित थी। यह घटना 24 नवंबर 2024 को एएसआई की निगरानी में चल रहे मस्जिद सर्वे के दौरान हुई थी। हिंसा में चार लोगों की मौत हुई थी और कई अन्य घायल हुए थे। जांच पैनल ने मुख्यमंत्री से मुलाकात कर अपनी रिपोर्ट सौंपी थी। रिपोर्ट में क्षेत्र के जनसांख्यिकीय बदलाव का भी उल्लेख किया गया है। पैनल ने घटना के विभिन्न पहलुओं का अध्ययन किया है। रिपोर्ट में समाजवादी पार्टी के एक सांसद और विधायक की भूमिका को लेकर भी दावे किए गए हैं। हालांकि इन आरोपों पर संबंधित पक्षों की प्रतिक्रिया अलग हो सकती है। मामले को लेकर राजनीतिक बहस तेज हो गई है। रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई पर नजर बनी हुई है। Source: Source Post navigation रायपुर पुलिस व्यवस्था में सुधार की मांग, भाजपा सांसद बृजमोहन ने उठाया स्टाफ की कमी का मुद्दा