हिमाचल प्रदेश विधानसभा का 10 दिवसीय मानसून सत्र शुक्रवार से शुरू हो रहा है। सत्र में सरकार और विपक्ष के बीच कई मुद्दों पर तीखी बहस होने के आसार हैं। भाजपा विधायकों और उनके परिजनों के खिलाफ दर्ज एफआईआर तथा जांच को लेकर विपक्ष सरकार को घेर सकता है। भाजपा इस मामले पर चर्चा के लिए स्थगन प्रस्ताव लाने की तैयारी कर सकती है। भाजपा का आरोप है कि विपक्षी नेताओं और उनके परिवारों को राजनीतिक रूप से निशाना बनाया जा रहा है। सरकार इन मामलों को शिकायतों और उपलब्ध तथ्यों के आधार पर चल रही कानूनी प्रक्रिया बता सकती है। सुधीर शर्मा, डॉ. जनकराज और अन्य भाजपा नेताओं से जुड़े मामलों को सदन में उठाए जाने की संभावना है। पूर्व विधायक होशियार सिंह और भाजपा विधायक आशीष शर्मा के परिजनों से जुड़े मामलों पर भी चर्चा हो सकती है। सत्र की शुरुआत पूर्व विधायकों विजयेंद्र सिंह और राम चंद भाटिया के निधन पर शोकोद्गार से होगी। इसके बाद प्रश्नकाल में विधायक प्रदेश और अपने क्षेत्रों से जुड़े मुद्दे उठाएंगे। विधायकों ने सत्र के लिए कुल 1,036 सवाल लगाए हैं, जिनमें 787 तारांकित और 249 अतारांकित प्रश्न शामिल हैं। बारिश और मानसून से हुए नुकसान, सड़क, स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार और सरकारी भर्तियों जैसे मुद्दे भी प्रमुख रहेंगे। सत्ता पक्ष के विधायक भी अपने क्षेत्रों की समस्याओं को लेकर सरकार से जवाब मांग सकते हैं।

Source: Source