मुंबई में विशेष जरूरतों वाले युवा कलाकार जल्द ही रवीन्द्रनाथ ठाकुर के नाटक ‘ताशेर देश’ का मंचन करेंगे। यह प्रस्तुति समावेशी रंगमंच की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है। इस नाटक का आयोजन एनएमएसीसी के मंच पर किया जाएगा। पहल का उद्देश्य दिव्यांग और विशेष जरूरतों वाले छात्रों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर देना है। थिएटर के माध्यम से उनमें आत्मविश्वास और संवाद कौशल विकसित करने पर विशेष जोर दिया गया है। नियमित अभ्यास और प्रशिक्षण ने छात्रों के व्यक्तित्व विकास में सकारात्मक भूमिका निभाई है। यह पहल दर्शाती है कि कला सभी के लिए समान अवसर प्रदान कर सकती है। आयोजकों का मानना है कि समावेशी मंच समाज में स्वीकार्यता और संवेदनशीलता बढ़ाने का प्रभावी माध्यम है। कार्यक्रम से प्रदर्शन कला के क्षेत्र में अधिक समावेशी वातावरण बनाने की उम्मीद है। यह प्रयास विशेष जरूरतों वाले कलाकारों के लिए नए अवसरों के द्वार खोलने की दिशा में अहम कदम है। ऐसी पहलें समाज में समान भागीदारी और रचनात्मक अभिव्यक्ति को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती हैं। Source: Source Post navigation भाग्यराज का पैन-इंडिया सिनेमा में बड़ा योगदान, अमिताभ बच्चन की ‘आख़िरी रास्ता’ से लेकर बॉलीवुड रीमेक्स तक प्रभाव नेटफ्लिक्स ने साझा अकाउंट्स पर नया नियम लागू किया, हर प्रोफाइल के लिए अलग ईमेल अनिवार्य