उकलाना के कांग्रेस विधायक नरेश सेलवाल ने हरियाणा की खेल नीति को लेकर बयान दिया है। उन्होंने कहा कि ‘पदक लाओ-पद पाओ’ नीति ने प्रदेश को देश का प्रमुख खेल राज्य बनाया। सेलवाल के अनुसार इस नीति के कारण हरियाणा के खिलाड़ियों ने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने पदक विजेता खिलाड़ियों को बधाई देते हुए उनकी उपलब्धियों को देश का गौरव बताया। विधायक ने कहा कि पहले अंतरराष्ट्रीय पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को सरकारी नौकरियों और आर्थिक प्रोत्साहन से सम्मानित किया जाता था। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार खिलाड़ियों को पर्याप्त सुविधाएं नहीं दे रही है। उन्होंने प्रदेश के कई खेल स्टेडियमों की खराब स्थिति और संसाधनों की कमी का मुद्दा उठाया। सेलवाल ने कहा कि हरियाणा के खिलाड़ियों के साथ बजट और सुविधाओं के मामले में भेदभाव किया जा रहा है। उन्होंने 2030 कॉमनवेल्थ खेलों में हरियाणा को सह-मेजबान बनाने की मांग की। उनका कहना है कि इससे प्रदेश की खेल संस्कृति को बढ़ावा मिलेगा और खिलाड़ियों को बेहतर अवसर मिलेंगे। उन्होंने सरकार से आधुनिक खेल सुविधाएं और खिलाड़ियों के लिए बेहतर नीतियां लागू करने की अपील की। Source: Source Post navigation अभिजीत गुप्ता की आपत्ति के बाद एआईसीएफ ने राष्ट्रीय शतरंज चैंपियनशिप की नई तारीखों का किया ऐलान