राज्यसभा ने सुप्रीम कोर्ट में न्यायाधीशों की संख्या बढ़ाने संबंधी विधेयक को पारित कर दिया। विधेयक को आगे की संसदीय प्रक्रिया के लिए लोकसभा को वापस भेज दिया गया। इस प्रस्ताव का उद्देश्य शीर्ष अदालत में न्यायाधीशों की संख्या बढ़ाना है। माना जा रहा है कि इससे लंबित मामलों के निस्तारण में तेजी लाने में मदद मिलेगी। न्यायिक व्यवस्था की कार्यक्षमता बढ़ाने की दिशा में इसे एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। विधेयक पर सदन में चर्चा के बाद इसे मंजूरी दी गई। अब इस पर आगे की कार्रवाई लोकसभा में होगी। दोनों सदनों की प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही विधेयक कानून बनने की दिशा में आगे बढ़ेगा। सरकार का लक्ष्य न्यायिक प्रणाली को अधिक प्रभावी और सक्षम बनाना है। इस फैसले से सुप्रीम कोर्ट की कार्यक्षमता में सुधार की उम्मीद जताई जा रही है। Source: Source Post navigation Lay’s चिप्स के आलू की किस्म को लेकर विवाद, किसान संगठनों ने पेप्सिको के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का रुख किया तरनतारन में 12 सितंबर को लगेगी नेशनल लोक अदालत, आपसी सहमति से निपटेंगे कई तरह के मामले