देवघर में JPSC परीक्षाओं को रद्द किए जाने का असर श्रावणी मेला व्यवस्था पर पड़ा है। राज्य सरकार ने 11वीं से 13वीं JPSC और इससे जुड़ी परीक्षाओं को रद्द करने का फैसला लिया है। इस फैसले के बाद करीब 70 अधिकारी और कर्मचारियों ने मेला ड्यूटी छोड़ दी। अधिकारियों और कर्मचारियों की कमी से प्रशासन के सामने नई चुनौती खड़ी हो गई है। श्रावणी मेला के दौरान देवघर में बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। मेला व्यवस्था के लिए पर्याप्त प्रशासनिक और सुरक्षा कर्मियों की जरूरत होती है। चौथी सोमवारी से पहले कर्मचारियों की कमी ने प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। ड्यूटी से हटे कर्मचारियों में परीक्षा से जुड़े अधिकारी और कर्मचारी शामिल बताए जा रहे हैं। प्रशासन के सामने अब मेला व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने की चुनौती है। अधिकारियों की कमी को पूरा करने के लिए वैकल्पिक व्यवस्था की जरूरत पड़ सकती है। आने वाले दिनों में प्रशासन के लिए भीड़ प्रबंधन और अन्य व्यवस्थाएं बड़ी चुनौती बनी रहेंगी। Source: Source Post navigation धर्मशाला बस स्टैंड के ऊपर भारी भूस्खलन, सुरक्षा दीवार ढही; सड़क और मकानों पर मंडराया खतरा गुरुग्राम सोसाइटी की लिफ्ट में 3 साल का बच्चा मेड संग फंसा, 15 मिनट बाद सुरक्षित निकाला गया