सुप्रीम कोर्ट ने ‘हुल्ला पार्टियों’ से जुड़े मुद्दे पर चिंता जताई है। अदालत ने इस मामले में फायरबॉल के इस्तेमाल का भी संज्ञान लिया। सुप्रीम कोर्ट ने मौजूदा स्थिति का आकलन करने के लिए नए सर्वे की जरूरत बताई। अदालत ने संबंधित अधिकारियों से ताजा सर्वे कराने को कहा है। सर्वे का उद्देश्य ‘हुल्ला पार्टियों’ से जुड़े हालात की वास्तविक स्थिति सामने लाना है। फायरबॉल से जुड़े संभावित जोखिमों को लेकर भी अदालत ने गंभीरता दिखाई है। कोर्ट के निर्देश के बाद संबंधित एजेंसियों को आवश्यक कार्रवाई करनी होगी। नए सर्वे से जमीनी स्थिति की अद्यतन जानकारी मिलने की उम्मीद है। मामले में सुरक्षा और सार्वजनिक व्यवस्था से जुड़े पहलुओं पर भी ध्यान दिया जा रहा है। सुप्रीम कोर्ट इस मुद्दे पर आगे की स्थिति की समीक्षा कर सकता है। Source: Source Post navigation न्यायमूर्ति संजय अग्रवाल को छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में विदाई, करीब एक दशक में 6,300 से अधिक मामलों का किया निपटारा दुर्ग कोतवाली TI समेत 8 के खिलाफ परिवाद, कोर्ट ने SSP को सौंपी निष्पक्ष जांच की जिम्मेदारी