छत्तीसगढ़ के खैरागढ़-छुईखदान-गंडई क्षेत्रों के बीच स्थित मण्डीप खोल गुफा फिर से खुलेगी, जहां साल में सिर्फ एक बार आयोजित होने वाला यह महाकुंब महात्मा अमित पांडेय की रिपोर्ट के अनुसार लाखों भक्तों को अपनी ओर आकर्षित कर रहा है। ठाकुरटोला जमीदारी में स्थित इस प्राचीन गुफा को आध्यात्मिक महत्त्व का मानते हुए, श्रद्धालु यहाँ पर शत-शत वर्ष पुरानी परमार्थिक परम्पराओं को दोहराएंगे। इस अवसर पर स्थानीय सरपंच, धार्मिक संघों और प्रशासन ने मिलकर सुरक्षा इंतजाम, जल-विद्युत सुविधाएँ, और भीड़ प्रबंधन के उपाय किए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि इस वर्ष की तीतर-गुफा महा-यात्रा में विशेष पवित्र जल और शिलालेखों का दर्शन होगा, जो श्रद्धा और इतिहास प्रेमियों को नया अनुभव देगा। सभी इच्छुक यात्रियों को समय से पहले टिकट बुक करने और स्वास्थ्य सुरक्षा नियमों का पालन करने की सलाह दी गई है। Post navigation हरियाणा सूचना आयोग में अजय कुमार सूरा को नया सूचना आयुक्त नियुक्त ज्येष्ठ माह 2026 : 19 साल बाद पुनः आयी 8 ग्रहों का दुर्लभ संगम