नई वैश्विक भूख रिपोर्ट के अनुसार, संघर्ष ही भूख का प्रमुख कारण बना हुआ है, जिससे लगभग 150 मिलियन लोग तीव्र भोजन कमी का सामना कर रहे हैं। युद्ध, सशस्त्र टकराव और सामाजिक अस्थिरता खाद्य उत्पादन और आपूर्ति को बाधित कर रहे हैं, जिससे कई क्षेत्रों में अकाल का खतरा बढ़ गया है। रिपोर्ट में कहा गया है कि यदि संघर्षों को शीघ्र समाप्त नहीं किया गया तो कुपोषण के स्तर में और वृद्धि होगी और लाखों लोग जीवन‑रक्षक पोषण से वंचित रह सकते हैं। अंतर्राष्ट्रीय समुदाय को त्वरित मानवीय सहायता, स्थायी कृषि समाधान और शांति पहल को सुदृढ़ करने की ज़रूरत पर ज़ोर दिया गया है। Post navigation पंजाब में स्वास्थ्य क्रांति: 3 महीनों में 40 लाख हेल्थ कार्ड, लुधियाना सबसे आगे खड्डा की सड़कों पर कचरा ढेर, MRF सिस्टम फेल: जहरीली हवा से नागरिक चिंतित