इतिहास में आज का दिन नेपोलियन बोनापार्ट की सबसे महत्वपूर्ण हार के रूप में याद किया जाता है। वाटरलू का युद्ध उनके सैन्य जीवन की अंतिम बड़ी लड़ाई साबित हुआ। इस युद्ध में नेपोलियन की सेना को निर्णायक पराजय का सामना करना पड़ा। हार के साथ ही यूरोप में उनके प्रभुत्व का अंत हो गया। वाटरलू की लड़ाई ने महाद्वीप की राजनीतिक दिशा बदल दी। नेपोलियन की पराजय के बाद मित्र राष्ट्रों ने उन पर कड़ा नियंत्रण स्थापित किया। उन्हें सत्ता से हटाकर निर्वासन की सजा दी गई। इसके बाद उन्हें दक्षिण अटलांटिक महासागर स्थित सेंट हेलेना द्वीप भेजा गया। वहीं उन्होंने अपने जीवन के अंतिम वर्ष बिताए। निर्वासन के दौरान वे राजनीतिक गतिविधियों से दूर रहे। कुछ वर्षों बाद सेंट हेलेना द्वीप पर ही उनकी मृत्यु हो गई। वाटरलू का युद्ध आज भी विश्व इतिहास की सबसे निर्णायक लड़ाइयों में गिना जाता है। Source: Source Post navigation ईरान समझौते की कमान संभालते दिखे जेडी वेंस, गलती हुई तो 2028 मिशन पर पड़ सकता है असर इमिग्रेशन घटने से कनाडा की आबादी में आई कमी, भविष्य में फिर बढ़ सकता है आप्रवासन